उत्तराखंड आंदोलन के दिव्यांगों के लिए विशेष सम्मान पेंशन योजना 2026
आधिकारिक myScheme रिकॉर्ड से जांचा गया Read in English
संक्षेप में
यह योजना उत्तराखंड आंदोलन के दिव्यांग और स्थायी रूप से बेडरूम में रहने वालों को मासिक पेंशन प्रदान करती है। आवेदन जिला मजिस्ट्रेट के कार्यालय में जमा करें।
एक नज़र में
| मंत्रालय / विभाग | Department of Home |
| स्तर | राज्य सरकार (Uttarakhand) |
| आवेदन का तरीका | ऑफलाइन |
लाभ
- ₹20,000 प्रति माह पेंशन
कौन आवेदन कर सकता है (पात्रता)
- उत्तराखंड आंदोलन के प्रतिभागी होना चाहिए
- आंदोलन के दौरान स्थायी रूप से दिव्यांग और बेडरूम में रहने वाला होना चाहिए
जरूरी दस्तावेज
- पहचान प्रमाण
- मेडिकल बोर्ड या मेडिकल कॉलेज द्वारा जारी प्रमाण पत्र कि व्यक्ति पूरी तरह से बेडरूम में है
आवेदन कैसे करें
- 1अपना आवेदन लिखित में जिला मजिस्ट्रेट के कार्यालय में जमा करें।
- 2मेडिकल प्रमाण पत्र संलग्न करें।
- 3जिला मजिस्ट्रेट आवेदन की जांच कर रिपोर्ट तैयार करेगा।
- 4सरकार के स्तर पर मंजूरी के बाद पेंशन स्वीकृत होगी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
इस योजना के लिए कौन पात्र है?+
केवल वे व्यक्ति पात्र हैं जिन्होंने आंदोलन के दौरान स्थायी रूप से दिव्यांग और बेडरूम में रहने का प्रमाण दिया है।
इस योजना में कितनी राशि मिलती है?+
प्रति माह ₹20,000/- की पेंशन दी जाती है।
क्या आय सीमा है?+
नहीं, यह योजना दिव्यांगता और आंदोलन के बलिदान पर आधारित है।
आवेदन के लिए कौन से दस्तावेज चाहिए?+
आवेदन के साथ पहचान प्रमाण और मेडिकल प्रमाण पत्र संलग्न करें।
आवेदन कहाँ जमा करें?+
आवेदन जिला मजिस्ट्रेट के कार्यालय में जमा करें।
क्या आवेदन का कोई निर्धारित फॉर्मेट है?+
नहीं, लिखित आवेदन और आवश्यक प्रमाण पत्र जमा करें।
आवेदन की जांच कौन करता है?+
जिला मजिस्ट्रेट आवेदन की जांच कर रिपोर्ट बनाता है।
पेंशन मंजूर कौन करता है?+
सरकार के मंत्री या मुख्यमंत्री की मंजूरी के बाद ही पेंशन स्वीकृत होती है।
NaukriZila सरकारी वेबसाइट नहीं है। केवल आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन करें; सरकारी योजना के लिए किसी को पैसे न दें। स्रोत: myScheme (Government of India)