टागोर राष्ट्रीय फेलोशिप फॉर कल्चरल रिसर्च
आधिकारिक myScheme रिकॉर्ड से जांचा गया Read in English
संक्षेप में
टागोर राष्ट्रीय फेलोशिप में ₹80,000/माह का सम्मानित वेतन, 30% तक का आवास भत्ता और शोध समर्थन मिलता है। यह भारतीय और विदेशी विद्वानों के लिए खुला है। आवेदन के लिए नोडल संस्था में फॉर्म जमा करें।
एक नज़र में
| मंत्रालय / विभाग | Ministry Of Culture |
| स्तर | केंद्र सरकार |
| आवेदन का तरीका | ऑफलाइन |
लाभ
- ₹80,000/माह का सम्मानित वेतन
- 30% तक का आवास भत्ता
- स्थिर रहने के लिए ₹1.00 लाख का एकमुश्त भत्ता
- विदेशी शोधकर्ताओं के लिए एक वर्ष में ₹2.50 लाख तक का आकस्मिक अनुदान
- इन्फ्रास्ट्रक्चर समर्थन (कम्प्यूटर, कार्यस्थल आदि)
- शैक्षणिक यात्राओं के लिए वास्तविक खर्च की प्रतिपूर्ति
- सम्मेलन प्रस्तुतियों के लिए ₹1.00 लाख तक का अनुदान
कौन आवेदन कर सकता है (पात्रता)
- सुदृढ़ शैक्षणिक या पेशेवर योग्यता वाले विद्वान
- 5 वर्ष का शोध या कला अनुभव
- कम से कम दो एकल-लेखक मोनोग्राफ
- नोडल संस्था के क्षेत्र में प्रतिष्ठा
- पहले नोडल संस्था के प्रमुख परियोजनाओं में भागीदारी
- एक बार फेलोशिप मिलने पर पुनः आवेदन नहीं
- भारतीय और विदेशी दोनों नागरिकों के लिए खुला
- विदेशी उम्मीदवारों का अनुपात एक-तिहाई से अधिक नहीं
जरूरी दस्तावेज
- पहचान प्रमाण (आधार कार्ड)
- पासपोर्ट आकार का फोटो
- शैक्षणिक योग्यता प्रमाणपत्र
- जाति प्रमाणपत्र, यदि लागू हो
- विकलांगता प्रमाणपत्र, यदि लागू हो
- प्रकाशन विवरण
- प्रस्तावित शोध का संक्षिप्त लेख
- नोडल संस्था के लाभ हेतु संक्षिप्त लेख
- सामान्य केंद्रीय/राज्य कर्मचारी होने पर NoC
- अन्य आवश्यक दस्तावेज
आवेदन कैसे करें
- 1मिनिस्ट्री ऑफ कल्चर द्वारा नोडल संस्था में फेलोशिप का विज्ञापन किया जाता है।
- 2उम्मीदवार अपनी पसंदीदा नोडल संस्था में आवेदन फॉर्म जमा करते हैं।
- 3आवश्यक दस्तावेज और घोषणा पत्र के साथ फॉर्म जमा करें।
- 4इंस्टिट्यूशन लेवल सर्च-एंड-स्क्रीनिंग कमेटी द्वारा समीक्षा और शॉर्टलिस्टिंग होती है।
- 5नैशनल सिलेक्शन कमेटी द्वारा अंतिम चयन किया जाता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
टागोर राष्ट्रीय फेलोशिप फॉर कल्चरल रिसर्च क्या है?+
यह योजना भारत के सांस्कृतिक संस्थानों को सुदृढ़ करने के लिए विद्वानों को नोडल संस्थानों से जोड़कर शोध परियोजनाएँ चलाने हेतु प्रोत्साहित करती है।
इस योजना को कौन लागू करता है?+
भारत सरकार के सांस्कृतिक मंत्रालय के अंतर्गत आने वाली संस्थाएँ।
कौन आवेदन कर सकता है?+
सुदृढ़ शैक्षणिक या पेशेवर योग्यता वाले विद्वान, जिन्होंने अपने क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया हो।
वर्ष में कितनी फेलोशिप दी जाती है?+
वर्ष में अधिकतम 15 फेलोशिप।
भारतीय और विदेशी दोनों नागरिक आवेदन कर सकते हैं?+
हाँ, लेकिन विदेशी उम्मीदवारों का अनुपात एक-तिहाई से अधिक नहीं।
किसे प्राथमिकता दी जाती है?+
5 वर्ष के शोध या कला अनुभव वाले विद्वान।
फेलोशिप मिलने के बाद पुनः आवेदन संभव है?+
नहीं, एक बार फेलोशिप मिलने पर पुनः आवेदन नहीं।
मासिक फेलोशिप कितनी है?+
₹80,000 प्रति माह।
आकस्मिक अनुदान कितना है?+
₹2.50 लाख प्रति वर्ष तक।
फेलोशिप की अवधि कितनी है?+
दो वर्ष।
क्या आवास भत्ता मिलता है?+
हाँ, 30% तक।
आवेदन कैसे करें?+
नोडल संस्था में आवेदन फॉर्म जमा करें।
NaukriZila सरकारी वेबसाइट नहीं है। केवल आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन करें; सरकारी योजना के लिए किसी को पैसे न दें। स्रोत: myScheme (Government of India)