प्रधानमंत्री अनुसंधान अध्यक्ष (PMRC) 2026: शीर्ष वैज्ञानिकों को भारत वापस लाने का अवसर
आधिकारिक myScheme रिकॉर्ड से जांचा गया Read in English
संक्षेप में
प्रधानमंत्री अनुसंधान अध्यक्ष योजना का उद्देश्य विदेश में कार्यरत भारतीय मूल के वैज्ञानिकों को भारत वापस लाकर उच्च शिक्षा और अनुसंधान को मजबूत करना है। आवेदन प्रक्रिया की जानकारी जल्द ही आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध होगी।
एक नज़र में
| मंत्रालय / विभाग | Ministry of Education |
| स्तर | केंद्र सरकार |
| आवेदन का तरीका | आधिकारिक साइट देखें |
लाभ
- अनुसंधान पदों की स्थापना, वित्तपोषण, और लैब समर्थन।
- तीन श्रेणियों में पद।
- उच्च अनुसंधान फंडिंग।
- अधिकारित स्वायत्तता।
- दीर्घकालिक कार्यकाल।
- 14 राष्ट्रीय महत्व के क्षेत्रों में नेतृत्व का अवसर।
- छात्रों और पोस्टडॉक्टरल शोधकर्ताओं का मार्गदर्शन।
कौन आवेदन कर सकता है (पात्रता)
- भारतीय मूल के वैज्ञानिक या शोधकर्ता।
- विदेश में कार्यरत।
- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्वांटम टेक्नोलॉजी, स्वच्छ ऊर्जा, बायोटेक्नोलॉजी, अंतरिक्ष विज्ञान, या सेमीकंडक्टर जैसे क्षेत्रों में नेतृत्व करने में सक्षम।
- तीन श्रेणियों में से एक के लिए पात्र।
जरूरी दस्तावेज
- पहचान का प्रमाण (पासपोर्ट, वोटर आईडी, आधार कार्ड)।
- भारतीय मूल का प्रमाण (OCI या PIO कार्ड)।
- शैक्षिक योग्यता प्रमाणपत्र।
- वर्तमान कार्यस्थल का प्रमाणपत्र।
- सीवी।
- अनुसंधान प्रकाशनों और पेटेंट की सूची।
- अनुसंधान प्रस्ताव।
- अनुभव प्रमाणपत्र।
- उद्देश्य कथन।
आवेदन कैसे करें
- 1आधिकारिक वेबसाइट पर दिशानिर्देश जारी होने के बाद आवेदन प्रक्रिया उपलब्ध होगी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
इस योजना के लिए कौन पात्र है?+
यह योजना विदेश में कार्यरत भारतीय मूल के वैज्ञानिकों को लक्षित करती है।
मुझे आवेदन करने के लिए क्या करना चाहिए?+
आवेदन प्रक्रिया की जानकारी आधिकारिक वेबसाइट पर जारी होने के बाद उपलब्ध होगी।
कितने पद बनाए जाएंगे?+
पांच वर्षों में 120 पद स्थापित किए जाएंगे।
किस क्षेत्रों में अनुसंधान होगा?+
14 राष्ट्रीय क्षेत्रों में, जैसे AI, क्वांटम टेक्नोलॉजी, स्वच्छ ऊर्जा, बायोटेक्नोलॉजी, अंतरिक्ष विज्ञान, और सेमीकंडक्टर।
क्या चयनित वैज्ञानिकों को वित्तीय सहायता मिलेगी?+
हाँ, उन्हें अनुसंधान फंडिंग, लैब समर्थन, और स्वायत्तता मिलेगी।
क्या वे प्रशासनिक बाधाओं का सामना करेंगे?+
नहीं, उन्हें स्वायत्तता दी जाएगी।
कहां नियुक्ति होगी?+
प्राथमिक रूप से IITs और अन्य शीर्ष संस्थानों में।
क्या वे छात्रों का मार्गदर्शन कर सकते हैं?+
हाँ, वे PhD और पोस्टडॉक्टरल शोधकर्ताओं का मार्गदर्शन कर सकते हैं।
कार्यकाल कितना होगा?+
दीर्घकालिक कार्यकाल प्रदान किया जाएगा।
NaukriZila सरकारी वेबसाइट नहीं है। केवल आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन करें; सरकारी योजना के लिए किसी को पैसे न दें। स्रोत: myScheme (Government of India)