मुख्य सामग्री पर जाएं

शिल्प गुरु पुरस्कार 2026: ₹2 लाख नकद पुरस्कार, स्वर्ण पदक और पात्रता

आधिकारिक myScheme रिकॉर्ड से जांचा गया Read in English

संक्षेप में

शिल्प गुरु पुरस्कार वस्त्र मंत्रालय द्वारा देश के वरिष्ठ शिल्पकारों को पारंपरिक हस्तशिल्प के संरक्षण और संवर्धन के लिए प्रदान किया जाता है। चयनित शिल्पकारों को ₹2,00,000 का नकद पुरस्कार, एक स्वर्ण पदक, शॉल और ताम्रपत्र दिया जाता है। 55 वर्ष या उससे अधिक आयु के अनुभवी शिल्पकार जिला उद्योग केंद्र या क्षेत्रीय विकास केंद्रों के माध्यम से ऑफलाइन आवेदन कर सकते हैं।

एक नज़र में

मंत्रालय / विभागMinistry Of Textiles
स्तरकेंद्र सरकार
आयु55 वर्ष या अधिक
आवेदन का तरीकाऑफलाइन

लाभ

  • ₹2,00,000 का नकद पुरस्कार
  • एक स्वर्ण पदक
  • एक शॉल और एक ताम्रपत्र
  • डिजाइन और प्रौद्योगिकी उन्नयन योजना के तहत नए एवं उत्कृष्ट उत्पाद बनाने के लिए वित्तीय सहायता
  • क्षेत्रीय डिजाइन और तकनीकी विकास केंद्रों (आरडी एंड टीडीसी) की गतिविधियों और सलाहकार समितियों में भागीदारी
  • भारत और विदेश में अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनियों और संगोष्ठियों में भाग लेने के लिए सहायता
  • शिल्प गुरुओं के योगदान पर मोनोग्राफ का प्रकाशन
  • राष्ट्रीय पुरस्कार चयन के लिए राज्य स्तरीय समिति में सदस्यता
  • निर्यात संवर्धन परिषदों (ईपीसीएच और सीईपीसी) के माध्यम से निर्यातकों से जुड़ाव
  • एनआईडी और निफ्ट जैसे प्रमुख संस्थानों की शिल्प गतिविधियों में सहभागिता

कौन आवेदन कर सकता है (पात्रता)

  • आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए
  • आवेदक की न्यूनतम आयु 55 वर्ष होनी चाहिए
  • पिछले वर्ष के 31 दिसंबर तक शिल्प क्षेत्र में कम से कम 20 वर्षों का अनुभव होना अनिवार्य है
  • आवेदक राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता, उत्कृष्ट राज्य पुरस्कार विजेता या असाधारण कौशल वाले मास्टर शिल्पकार होने चाहिए
  • शिल्प और शिल्प समुदाय के कल्याण व विकास में उल्लेखनीय योगदान दिया हो
  • एक वर्ष में केवल एक शिल्प श्रेणी के लिए ही आवेदन किया जा सकता है
  • प्रतिवर्ष अधिकतम 10 शिल्प गुरु पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं

जरूरी दस्तावेज

  • पहचान और नागरिकता का प्रमाण
  • आयु प्रमाण पत्र
  • शिल्प क्षेत्र में 20 वर्ष के अनुभव का प्रमाण
  • अनुभव, पुरस्कार और योगदान दर्शाने वाला विस्तृत बायोडाटा
  • राष्ट्रीय या राज्य पुरस्कार प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
  • शिल्प नमूना स्वयं बनाने का शपथ पत्र
  • शिल्प निर्माण प्रक्रिया की विभिन्न अवस्थाओं की कम से कम 4 तस्वीरें या वीडियो रिकॉर्डिंग
  • परिवहन के दौरान क्षति से संबंधित जोखिम शपथ पत्र
  • शिल्प समुदाय के कल्याण में योगदान का दस्तावेजी प्रमाण

आवेदन कैसे करें

  1. 1चरण 1: कार्यालय समय के दौरान अपने निकटतम जिला उद्योग केंद्र (डीआईसी) या हस्तशिल्प क्षेत्रीय विकास केंद्र (आरडी एंड टीडीसी) जाएं।
  2. 2चरण 2: निर्धारित आवेदन पत्र की भौतिक प्रति प्राप्त करें।
  3. 3चरण 3: आवेदन पत्र में सभी अनिवार्य विवरण भरें और सभी आवश्यक दस्तावेजों की स्व-सत्यापित प्रतियां संलग्न करें।
  4. 4चरण 4: विधिवत भरा हुआ फॉर्म, अपने शिल्प नमूने और आवश्यक दस्तावेज सहायक श्रम आयुक्त को जमा करें।
  5. 5चरण 5: आवेदन जमा करने के बाद अधिकारी से पावती रसीद प्राप्त करें जिस पर तारीख, समय और संदर्भ संख्या दर्ज हो।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

शिल्प गुरु पुरस्कार के तहत कितनी नकद राशि दी जाती है?+

चयनित शिल्पकार को ₹2,00,000 की नकद पुरस्कार राशि, एक स्वर्ण पदक, शॉल और ताम्रपत्र प्रदान किया जाता है।

शिल्प गुरु पुरस्कार के लिए न्यूनतम आयु क्या है?+

आवेदन करने के लिए शिल्पकार की न्यूनतम आयु 55 वर्ष होनी चाहिए।

इस पुरस्कार के लिए कितने वर्ष का कार्य अनुभव आवश्यक है?+

पिछले वर्ष के 31 दिसंबर तक संबंधित शिल्प क्षेत्र में न्यूनतम 20 वर्ष का अनुभव आवश्यक है।

प्रत्येक वर्ष कितने शिल्प गुरु पुरस्कार दिए जाते हैं?+

वस्त्र मंत्रालय द्वारा प्रत्येक वर्ष अधिकतम 10 शिल्प गुरु पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं।

क्या एक शिल्पकार एक से अधिक शिल्प श्रेणियों में आवेदन कर सकता है?+

नहीं, एक वर्ष में केवल एक ही शिल्प श्रेणी के अंतर्गत आवेदन किया जा सकता है।

पुरस्कार विजेताओं का चयन कैसे किया जाता है?+

चयन तीन चरणों में होता है: राज्य स्तरीय समिति, मुख्यालय स्तरीय समिति और अंत में केंद्रीय स्तरीय चयन समिति।

यदि किसी वर्ष चयन न हो, तो क्या पुनः आवेदन कर सकते हैं?+

हाँ, यदि किसी वर्ष चयन नहीं होता है, तो पात्रता पूरी होने पर आगामी वर्षों में पुनः आवेदन किया जा सकता है।

NaukriZila सरकारी वेबसाइट नहीं है। केवल आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन करें; सरकारी योजना के लिए किसी को पैसे न दें। स्रोत: myScheme (Government of India)