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जूट विविधीकरण योजना (JDS)

आधिकारिक myScheme रिकॉर्ड से जांचा गया Read in English

संक्षेप में

वस्त्र मंत्रालय के तहत राष्ट्रीय जूट बोर्ड द्वारा संचालित जूट विविधीकरण योजना जूट संसाधन-सह-उत्पादन केंद्र स्थापित करके प्रशिक्षण और आजीविका प्रदान करती है। इस योजना में 5 प्रशिक्षण चक्रों के लिए ₹12,40,000 की वित्तीय सहायता, ₹2,48,000 की एजेंसी प्रोत्साहन राशि और प्रति केंद्र ₹9,00,000 तक की मशीनरी सब्सिडी दी जाती है। पात्र एजेंसियां आधिकारिक पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करने के बाद भौतिक प्रतियां जमा करके आवेदन कर सकती हैं।

एक नज़र में

मंत्रालय / विभागMinistry Of Textiles
स्तरकेंद्र सरकार
आवेदन का तरीकाऑनलाइन और ऑफलाइन

लाभ

  • प्रति चक्र 24 प्रशिक्षुओं के लिए 5 प्रशिक्षण चक्र आयोजित करने हेतु ₹12,40,000 की वित्तीय सहायता दी जाती है।
  • केंद्र के संचालन और रखरखाव के लिए सहयोगी एजेंसी को ₹2,48,000 (कुल गतिविधि लागत का 20%) का प्रोत्साहन मिलता है।
  • बायोमेट्रिक मशीन, इंटरनेट और रखरखाव के लिए ₹12,000 का अवसंरचना अनुदान प्रदान किया जाता है।
  • सफल लाभार्थियों के लिए 72 मशीनें खरीदने हेतु ₹9,00,000 प्रति वर्ष (50% सब्सिडी या अधिकतम ₹12,500 प्रति मशीन) की सब्सिडी दी जाती है।
  • स्वीकृत कार्य योजना के आधार पर 50% राशि अग्रिम और शेष राशि गतिविधियां पूर्ण होने के बाद डीबीटी के माध्यम से दी जाती है।

कौन आवेदन कर सकता है (पात्रता)

  • आवेदक भारतीय नागरिक या पंजीकृत एजेंसी, उद्यमी, एनजीओ, सहकारी समिति, संघ अथवा सार्वजनिक उपक्रम होना चाहिए।
  • जूट विविधीकृत उत्पादों के निर्माण, कौशल प्रशिक्षण और विपणन में कम से कम 3 वर्षों का सक्रिय अनुभव होना अनिवार्य है।
  • महिला स्वयं सहायता समूहों को हथकरघा, हस्तशिल्प या जूट क्षेत्र में प्रशिक्षित और विकसित करने का अनुभव होना चाहिए।
  • प्रशासनिक कार्यों के लिए कम से कम 250 वर्ग फुट का कार्यालय और कंप्यूटर/इंटरनेट सुविधा होनी चाहिए।
  • उत्पादन और प्रशिक्षण केंद्र स्थापित करने के लिए कम से कम 500 वर्ग फुट का स्थान उपलब्ध होना चाहिए।
  • मूल्यांकन मानदंडों में न्यूनतम 50 अंक प्राप्त करना अनिवार्य है।
  • प्रशिक्षण में कम से कम 70% सीटें महिलाओं या महिला स्वयं सहायता समूहों की सदस्यों के लिए आरक्षित होनी चाहिए।

जरूरी दस्तावेज

  • स्वामित्व प्रमाण पत्र (एमओयू, पार्टनरशिप डीड, सोसाइटी पंजीकरण या ट्रेड लाइसेंस)
  • अधिकृत प्रतिनिधि का आधार कार्ड या पता प्रमाण
  • गत वित्तीय वर्ष का आयकर रिटर्न (ITR)
  • स्थायी खाता संख्या (PAN) कार्ड
  • पिछले 3 वित्तीय वर्षों का जीएसटी रिटर्न और ऑडिटेड वित्तीय विवरण
  • परियोजना अनुभव प्रमाण पत्र और एजेंसी का अंडरटेकिंग
  • बैंक पासबुक के मुख्य पृष्ठ की प्रति और रद्द किया गया चेक
  • चयन के बाद 50% गतिविधि लागत की बैंक गारंटी
  • दावा निपटान के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति रिपोर्ट और वेबकैम रिकॉर्डिंग

आवेदन कैसे करें

  1. 1चरण 1: राष्ट्रीय जूट बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट (www.jute.com) पर जाएं।
  2. 2चरण 2: पोर्टल पर एजेंसी प्रोफाइल, अनुभव और प्रस्तावित कार्य योजना का विवरण भरकर ऑनलाइन आवेदन जमा करें और पावती रसीद प्राप्त करें।
  3. 3चरण 3: ऑनलाइन रसीद का प्रिंट निकालें और एजेंसी के आधिकारिक लेटरहेड पर कवरिंग लेटर तैयार करें।
  4. 4चरण 4: सभी आवश्यक दस्तावेजों को संलग्न करके हार्ड कॉपी राष्ट्रीय जूट बोर्ड के मुख्यालय या क्षेत्रीय कार्यालय में जमा करें।
  5. 5चरण 5: उप-समिति द्वारा दस्तावेजों और पात्रता की जांच के बाद न्यूनतम 50 अंक पाने वाले आवेदकों को अंतिम स्वीकृति दी जाएगी।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रशिक्षण गतिविधियों के लिए कितनी वित्तीय सहायता मिलती है?+

योजना के तहत 5 प्रशिक्षण चक्र आयोजित करने के लिए ₹12,40,000 की अनुमानित लागत राशि स्वीकृत की जाती है।

मशीनरी खरीद पर कितनी सब्सिडी दी जाती है?+

सफल प्रशिक्षुओं को 72 मशीनों के लिए 50% सब्सिडी या अधिकतम ₹12,500 प्रति मशीन के अनुसार कुल ₹9,00,000 प्रति वर्ष तक की सब्सिडी मिलती है।

केंद्र स्थापित करने के लिए कितनी जगह की आवश्यकता है?+

संसाधन-सह-उत्पादन केंद्र के लिए कम से कम 500 वर्ग फुट और कार्यालय के लिए 250 वर्ग फुट जगह होना जरूरी है।

क्या महिलाओं के लिए कोई आरक्षण निर्धारित है?+

हाँ, कुल लाभार्थियों में कम से कम 70% महिलाएं या महिला स्वयं सहायता समूह की सदस्य होनी चाहिए।

स्वीकृति मिलने के बाद कितनी बैंक गारंटी देनी होती है?+

एजेंसी को स्वीकृत गतिविधियों की लागत का 50% बैंक गारंटी के रूप में देना होता है, जो एक चक्र के लिए ₹1,24,000 और दो चक्रों के लिए ₹2,48,000 है।

NaukriZila सरकारी वेबसाइट नहीं है। केवल आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन करें; सरकारी योजना के लिए किसी को पैसे न दें। स्रोत: myScheme (Government of India)