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भारतीय समुदाय कल्याण कोष (ICWF)

आधिकारिक myScheme रिकॉर्ड से जांचा गया Read in English

संक्षेप में

भारतीय समुदाय कल्याण कोष (ICWF) विदेश में संकट में फंसे भारतीय नागरिकों को आपातकालीन सहायता और कानूनी मदद प्रदान करता है। यह योजना युद्ध या आपदा ग्रस्त क्षेत्रों से सुरक्षित वापसी और पार्थिव शरीर को भारत लाने में मदद करती है। पात्र प्रवासी भारतीय संबंधित भारतीय दूतावास या ऑनलाइन माध्यम से सहायता हेतु संपर्क कर सकते हैं।

एक नज़र में

मंत्रालय / विभागMinistry Of External Affairs
स्तरकेंद्र सरकार
आवेदन का तरीकाऑनलाइन

लाभ

  • युद्ध क्षेत्रों या प्राकृतिक आपदाओं में फंसे भारतीय नागरिकों के लिए आपातकालीन निकासी सहायता।
  • विदेश में संकटग्रस्त भारतीय छात्रों के लिए कानूनी सहायता की सुविधा।
  • विवाह के सात वर्षों के भीतर छोड़ी गई, प्रताड़ित या धोखाधड़ी की शिकार भारतीय महिलाओं को कानूनी व वित्तीय मदद।
  • नियोक्ता या बीमा कंपनी द्वारा वहन न करने और परिवार के असमर्थ होने पर पार्थिव शरीर को भारत लाने के लिए सहायता।
  • विदेश स्थित सभी भारतीय दूतावासों और मिशनों के माध्यम से त्वरित राहत।

कौन आवेदन कर सकता है (पात्रता)

  • आवेदक एक प्रवासी भारतीय नागरिक होना चाहिए।
  • आवेदक विदेश में किसी संकटग्रस्त या आपातकालीन परिस्थिति में होना चाहिए।

जरूरी दस्तावेज

  • वैध भारतीय पासपोर्ट या भारतीय नागरिकता का प्रमाण पत्र।
  • संकटग्रस्त स्थिति से जुड़े आवश्यक दस्तावेज (आधिकारिक विवरण में विशिष्ट सूची उल्लेखित नहीं है)।

आवेदन कैसे करें

  1. 1संबंधित देश में स्थित भारतीय दूतावास या वाणिज्य दूतावास के आधिकारिक पोर्टल पर जाएं।
  2. 2अपनी व्यक्तिगत जानकारी और भारतीय नागरिकता का प्रमाण प्रस्तुत करें।
  3. 3अपनी आपातकालीन अथवा संकटग्रस्त स्थिति का विवरण दर्ज करें।
  4. 4सहायता और सत्यापन के लिए दूतावास के नामित संपर्क अधिकारी से समन्वय करें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या विदेश में पढ़ रहे भारतीय छात्र भी सहायता के पात्र हैं?+

हाँ, संकट में फंसे प्रवासी भारतीय छात्र इस योजना के तहत कानूनी सहायता प्राप्त करने के पात्र हैं।

क्या ओसीआई (OCI) कार्ड धारक ICWF से वित्तीय सहायता ले सकते हैं?+

नहीं, ओसीआई कार्ड धारक इस योजना के तहत व्यक्तिगत वित्तीय सहायता के पात्र नहीं हैं।

पार्थिव शरीर को भारत लाने के लिए सहायता कब मिलती है?+

यह सहायता तब मिलती है जब नियोक्ता, प्रायोजक या बीमा कंपनी खर्च उठाने में असमर्थ हो और परिवार भी खर्च वहन न कर सके।

क्या भारतीय मूल के व्यक्ति (PIO) इस योजना में शामिल हैं?+

नहीं, भारतीय मूल के व्यक्ति (PIO) इस योजना के अंतर्गत शामिल नहीं हैं।

प्रताड़ित भारतीय महिलाओं को क्या सहायता मिलती है?+

विवाह के सात वर्षों के भीतर विदेशी या प्रवासी पति द्वारा छोड़ी गई अथवा प्रताड़ित महिलाओं को कानूनी और वित्तीय सहायता दी जाती है।

NaukriZila सरकारी वेबसाइट नहीं है। केवल आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन करें; सरकारी योजना के लिए किसी को पैसे न दें। स्रोत: myScheme (Government of India)