डॉ. डी.एस. कोठारी रिसर्च ग्रांट 2026
आधिकारिक myScheme रिकॉर्ड से जांचा गया Read in English
संक्षेप में
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) द्वारा संचालित डॉ. डी.एस. कोठारी रिसर्च ग्रांट योजना के तहत नए नियुक्त स्थायी सहायक प्राध्यापकों को 2 वर्ष के लिए ₹10,00,000 का शोध अनुदान दिया जाता है। इस योजना के लिए पीएच.डी. डिग्री और अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं में कम से कम 5 शोध पत्र प्रकाशित होना अनिवार्य है। पात्र शिक्षक कार्यभार ग्रहण करने के 2 वर्ष के भीतर आधिकारिक UGC FRG पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
एक नज़र में
| मंत्रालय / विभाग | Ministry of Education |
| स्तर | केंद्र सरकार |
| आवेदन का तरीका | ऑनलाइन |
लाभ
- 2 वर्ष की अवधि के लिए ₹10,00,000 की वित्तीय सहायता।
- इस योजना के अंतर्गत कुल 132 स्लॉट उपलब्ध हैं।
- अनुदान का उपयोग छोटे उपकरण, उपभोग्य वस्तुएं, आकस्मिक खर्च, फील्डवर्क और यात्रा के लिए किया जा सकता है।
- स्वीकृत मदों के तहत अपनी आवश्यकतानुसार राशि निर्धारित करने की स्वतंत्रता।
- इस अनुदान से खरीदी गई सभी सामग्री एवं उपकरण विश्वविद्यालय की संपत्ति रहेंगे।
कौन आवेदन कर सकता है (पात्रता)
- पात्र उच्च शिक्षण संस्थान में स्थायी पद पर नियमित रूप से नियुक्त सहायक प्राध्यापक होना अनिवार्य है।
- विभाग या विश्वविद्यालय में कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से 2 वर्ष के भीतर आवेदन करना आवश्यक है।
- आवेदक के पास पीएच.डी. की उपाधि होनी चाहिए।
- प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं में न्यूनतम 5 शोध पत्र प्रकाशित होने चाहिए।
- यूजीसी अधिनियम 1956 की धारा 2(f) के तहत नैक (NAAC) मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय या संबद्ध कॉलेज के शिक्षक।
- धारा 3 के तहत नैक मान्यता प्राप्त डीम्ड विश्वविद्यालय, केंद्र/राज्य सरकार द्वारा वित्तपोषित डिग्री प्रदाता संस्थान या राष्ट्रीय महत्व के संस्थान के शिक्षक।
जरूरी दस्तावेज
- पासपोर्ट साइज फोटो की स्कैन कॉपी (JPG प्रारूप, 1 MB तक)।
- हस्ताक्षर की स्कैन कॉपी (JPG प्रारूप, 1 MB तक)।
- स्नातकोत्तर (PG) और पीएच.डी. डिग्री एवं संबंधित शैक्षणिक दस्तावेज।
- पूर्ण शोध प्रस्ताव (5 MB तक) और शोध सारांश (1 MB तक)।
- ऑनलाइन जनरेट किया गया आवेदन पत्र, जिस पर विभागाध्यक्ष (HoD) या कुलसचिव (Registrar) के हस्ताक्षर हों।
आवेदन कैसे करें
- 1चरण 1: आधिकारिक UGC FRG पोर्टल (https://frg.ugc.ac.in/) पर जाएं और योजना के दिशा-निर्देश पढ़ें।
- 2चरण 2: योजना के तहत 'New User' पर क्लिक करके ईमेल आईडी, फोटो और हस्ताक्षर अपलोड कर पंजीकरण करें।
- 3चरण 3: ईमेल पर प्राप्त लॉगिन विवरण दर्ज करके पोर्टल पर पहली बार लॉगिन करें और पासवर्ड बदलें।
- 4चरण 4: डैशबोर्ड पर जाकर 'Eligibility Criteria' विकल्प पर क्लिक करें और पात्रता फॉर्म भरें।
- 5चरण 5: 'Apply Now' पर क्लिक करके स्नातकोत्तर (PG) और पीएच.डी. से संबंधित शैक्षणिक विवरण भरें।
- 6चरण 6: अपना शोध प्रस्ताव, सारांश और अन्य आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें।
- 7चरण 7: स्वतः जनरेट हुए फॉर्म का प्रिंट लेकर उस पर विभागाध्यक्ष या कुलसचिव के हस्ताक्षर करवाकर पोर्टल पर अपलोड करें।
- 8चरण 8: घोषणा पत्र को पढ़कर सहमति दें और आवेदन सबमिट करके भविष्य के लिए सुरक्षित रख लें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
इस योजना के तहत कुल कितनी शोध सहायता राशि मिलती है?+
योजना के अंतर्गत 2 वर्ष की अवधि के लिए कुल ₹10,00,000 की शोध सहायता दी जाती है।
डॉ. डी.एस. कोठारी रिसर्च ग्रांट के लिए कौन पात्र है?+
स्थायी पद पर नियुक्त नए सहायक प्राध्यापक जिनके पास पीएच.डी. और अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं में 5 शोध पत्र हों, तथा जिन्होंने पदभार ग्रहण करने के 2 वर्ष के भीतर आवेदन किया हो।
योजना में कुल कितने स्लॉट उपलब्ध हैं?+
इस योजना के अंतर्गत कुल 132 स्लॉट निर्धारित हैं।
क्या इस अनुदान से प्रोजेक्ट असिस्टेंट या रिसर्च फेलो रखा जा सकता है?+
नहीं, इस अनुदान का उपयोग किसी प्रोजेक्ट असिस्टेंट या रिसर्च फेलो की नियुक्ति, फर्नीचर खरीदने या विदेश यात्रा के लिए नहीं किया जा सकता।
क्या आवेदन के लिए कोई शुल्क देना होता है?+
नहीं, इस योजना में आवेदन की पूरी प्रक्रिया बिल्कुल निःशुल्क है।
क्या आवेदन पत्र की हार्ड कॉपी जमा करना जरूरी है?+
नहीं, हार्ड कॉपी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी; आवेदन केवल ऑनलाइन ही मान्य है।
NaukriZila सरकारी वेबसाइट नहीं है। केवल आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन करें; सरकारी योजना के लिए किसी को पैसे न दें। स्रोत: myScheme (Government of India)